पंजाब। पंजाब में बकाया DA मांग रहे मुलाजिमों से CM भगवंत मान की मीटिंग 27 अगस्त को दोपहर 12 बजे होगी। यह मीटिंग सेक्टर 3 स्थित पंजाब भवन में रखी गई है। इस मीटिंग में ज्यादा से ज्यादा 10 मेंबरों को ही लाने के लिए कहा गया है। यह फैसला शुक्रवार को मुलाजिमों के चंडीगढ़ में प्रदर्शन के बाद लिया गया। सैकड़ों सरकारी मुलाजिमों ने दफ्तरों से सामूहिक छुट्टी लेकर चंडीगढ़ कूच किया था। वह मानसून सेशन के दौरान ही विधानसभा का घेराव करना चाहते थे। हालांकि मोहाली से चंडीगढ़ में घुसते ही पुलिस ने उन्हें सेक्टर-39 के पास बैरिकेडिंग कर रोक दिया। मगर, मुलाजिमों ने कड़े तेवर दिखाते हुए पुलिस के लगाए बैरिकेड पार करने की कोशिश की। जिसके बाद पुलिस ने वाटर कैनन से पानी की बौछारें मारीं। इसके बावजूद मुलाजिम विधानसभा तक जाने की जिद पर अड़े रहे। जिस वजह से उनकी चंडीगढ़ पुलिस के कर्मचारियों से धक्कामुक्की भी हुई। मुलाजिमों के प्रदर्शन के कारण चंडीगढ़ के कई सेक्टरों में ट्रैफिक जाम रहा, जबकि पंजाब के कई सरकारी दफ्तरों में कामकाज प्रभावित हुआ। शिक्षक संगठनों ने एक दिन पहले ही छात्रों को स्कूल नहीं आने की सूचना दे दी थी। हालांकि प्रदर्शन बढ़ने पर शुक्रवार शाम करीब 4:30 बजे मुख्यमंत्री भगवंत मान के OSD नवराज बराड़ प्रदर्शनकारियों से मिलने पहुंचे।
27 अगस्त को होगी मीटिंग
उन्होंने मुलाजिमों को भरोसा दिया कि 27 अगस्त को मुख्यमंत्री भगवंत मान के साथ मीटिंग कराएंगे। जिसके बाद मुलाजिमों ने प्रदर्शन समाप्त कर वापस लौटने का ऐलान कर दिया। AAP सरकार के DA देने से करीब 8 लाख मुलाजिमों-पेंशनर्स को फायदा होगा। जिसमें चपरासी से लेकर IAS-IPS अफसर भी शामिल हैं। उनकी सेलरी में औसतन 15 हजार की बढ़ोतरी होगी।